मंगलवार, 30 अप्रैल 2019

मेरे दोस्त !

ज़िंदा हूँ साँसें अब भी चल रही हैं मेरे दोस्त !
थकी-थकी सी शाम, ढल रही है मेरे दोस्त !

बुलबुल ने साथ छोड़ दिया सूखे गुलों का
कि रुत बहार की निकल रही है मेरे दोस्त !

महफिल में कौन देख सका शमा के आँसू
परवाने से पहले वो जल रही है मेरे दोस्त !

अहसास होगा अपनी ख़ता का कभी तुम्हें
रूह इस खयाल से, बहल रही है मेरे दोस्त !

बहला रहे हैं दिल को गलतफहमियों से हम
कैसी बुरी आदत ये पल रही है मेरे दोस्त !

दिन में पचास रंग बदलता रहा सूरज
धरती भी रंग अब, बदल रही है मेरे दोस्त !

दिल के उसी कोने को जरा छू के देखना
धड़कन वहाँ मेरी मचल रही है मेरे दोस्त !





18 टिप्‍पणियां:

  1. दिल के उसी कोने को जरा छू के देखना
    धड़कन वहाँ मेरी मचल रही है मेरे दोस्त !

    बहुत सुंदर.






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  2. बुलबुल ने साथ छोड़ दिया सूखे गुलों का
    कि रुत बहार की निकल रही है मेरे दोस्त !
    बहुत सुंदर अभिव्यक्ति, मीना दी।

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  3. दिल के उसी कोने को जरा छू के देखना
    धड़कन वहाँ मेरी मचल रही है मेरे दोस्त
    बहुत सुंदर मीना जी ,सादर स्नेह

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  4. गज़ब..वाहह्हह दी...बस लाज़वाब.. हर शेर शानदार और अर्थपूर्ण..हमेशा की तरह एक और सराहनीय सृजन👌👌

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  5. ब्लॉग बुलेटिन टीम और मेरी ओर से आप सब को मजदूर दिवस की हार्दिक मंगलकामनाएँ !!

    ब्लॉग बुलेटिन की दिनांक 01/05/2019 की बुलेटिन, " १ मई - मजदूर दिवस - ब्लॉग बुलेटिन “ , में आप की पोस्ट को भी शामिल किया गया है ... सादर आभार !

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  6. बेहतरीन प्रस्तुति मीना जी

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  7. जी नमस्ते,

    आपकी लिखी रचना शुक्रवार ३ मई २०१९ के लिए साझा की गयी है
    पांच लिंकों का आनंद पर...
    आप भी सादर आमंत्रित हैं...धन्यवाद।

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    1. सादर,सस्नेह आभार प्रिय श्वेता बहन।

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  8. जिंदा हूं मैं सांसें अभी भी चल रही हैं। बहुत ही शानदार और दिल को छू जाने वालीं पंक्तियों से सुसज्जित रचना शेयर करने के लिये आपका धन्यवाद।

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    1. सादर आभार आदरणीय। ब्लॉग पर स्वागत है आपका।

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  9. बहुत बहुत सुंदर मीना जी दिल के एहसास कितने गहरे।
    अप्रतिम

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  10. मेरी साधारण सी रचना पर इतने स्नेह के साथ अपनी राय रखनेवाले आप सभी की मैं हृदयतल से सदैव आभारी रहूँगी। कृपया आगे भी साथ एवं स्नेह बनाए रखें।

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  11. वाह!!!
    हमेशा की तरह एक और नायाब सृजन..
    बहुत ही लाजवाब।

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  12. महफिल में कौन देख सका शमा के आँसू
    परवाने से पहले वो जल रही है मेरे दोस्त !
    लाजवाब और बेहतरीन....,

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  13. मन के मलाल की मार्मिक अभिव्यक्ति !!!

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  14. सभी का तहेदिल से शुक्रिया ब्लॉग पर आने एवं प्रोत्साहन देने के लिए।

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